I’m Zero…


दुनियाँ में हर इंसान की आदत होती है अपने
प्रोफ़ेशन के हिसाब से जीना,
जो जिस प्रोफ़ेशन का है उसकी मानसिकता भी
वैसी ह बन जाती है !मसलन”वकील है तो क़ानून बताना,डॉक्टर है तो सेहत / दवा बारे में बोलना,शिक्षक है तो टीच / निष्कर्ष देना / निकालना,फौुजी है तो डिसिप्लन !आदि-आदि””
और जनाब अगर ऐसा कोई भी आपकी लाइफ में आ जाए / ऐसे से मुहब्बत हो जाए तो तैयार रहिएगा??
सुबहा-सुबहा एक … ने गुड मॉर्निंग की और सुना दिया…अब समझ में आया …

साहेब मुहब्बत का हर अंदाज़ निराला होता है

अर्ज़ है:-

d9cc262c62607055c38f7f54225ab99d

हर  खेल  में  अनाड़ी  हैं,
फिर भी समझते लोग खिलाड़ी हैं.!
खेलना जानते गर’सागर‘तो,
देखती  दुनियाँ  कैसे  जुगाड़ी  हैं.!!

2051

Har Khel Mein Anaadi Hain,

Phir Bhi Samjhate Log Khilaadi Hain.!

Khelna Jaante Gar’Sagar‘To,

Dekhati Duniyan Kaise Jugaadi Hain.!!

 

Advertisements

About Dilkash Shayari

"Everyone Thinks Changing The World,But No One Thinks Of Changing Himself" I'm Advocate(Lawyer) Writer&Poet BHOPAL All Copyrights Are Reserved.(Under Copyright Act) Please Do Not Copy Without My Permission.

Posted on December 8, 2016, in Shayari Khumar -e- Ishq. Bookmark the permalink. 2 Comments.

  1. हम तो आपके मुरीद होते जा रहे है

    Liked by 1 person

  2. व्यक्ति जैसा खुद होता है औरों को भी वैसी ही आँखों से देखता-समझता है,
    ठीक ऐसा ही कुछ आपके साथ भी है सरिता जी!
    आप खुद बहुत अच्छा और दमदार लिखती हैं इसी कारण आपको दूसरों की लेखनी भी अच्छी-असरदार लगती है,
    किंतु फिर भी शुक्रिया आपनें पसंद किया और अपना कीमती वक़्त निकाल गुफ्तगू की!

    Liked by 1 person

Comments/विचार

Please log in using one of these methods to post your comment:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s

%d bloggers like this: